कलेक्ट्रेट की चौखट पर उठा धर्मांतरण का मुद्दा, बजरंग दल का प्रदर्शन
अवैध चर्चों के खिलाफ नारेबाजी, सीएम के नाम सौंपा ज्ञापन

कानपुर देहात।
कानपुर देहात में कथित अवैध चर्चों और धर्मांतरण के मामलों को लेकर बजरंग दल के कार्यकर्ताओं ने जिला कलेक्ट्रेट परिसर में जोरदार प्रदर्शन किया। कार्यकर्ता मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम ज्ञापन सौंपने डीएम कार्यालय पहुंचे थे, लेकिन उस समय कलेक्ट्रेट परिसर में दिशा समिति की बैठक चल रही थी, जिसके चलते पुलिस ने उन्हें मुख्य परिसर में प्रवेश से रोक दिया। इसके बाद कार्यकर्ताओं ने कलेक्ट्रेट के बाहर नारेबाजी करते हुए अपनी मांगें उठाईं और मौके पर मौजूद अधिकारियों को ज्ञापन सौंपा।
बजरंग दल कार्यकर्ताओं का आरोप है कि जिले के कई इलाकों में बिना अनुमति चर्च और गिरजाघर संचालित हो रहे हैं, जहां प्रत्येक सप्ताह प्रार्थना सभाओं के नाम पर लोगों को प्रलोभन देकर धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है। उनका कहना है कि इस संबंध में पहले भी प्रशासन को अवगत कराया गया, लेकिन अब तक कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई।
बजरंग दल के पूर्व जिला संयोजक गौरव शुक्ला ने दावा किया कि कानपुर देहात में करीब 30 से 35 चर्च अवैध रूप से संचालित हैं। उन्होंने शहजादपुर क्षेत्र में निर्माणाधीन चर्च का हवाला देते हुए कहा कि वहां कार्रवाई के बावजूद जिले के अन्य क्षेत्रों में ऐसी गतिविधियां लगातार जारी हैं। वहीं, जिला संयोजन पयरव ने पुलिस द्वारा हाल में की गई कार्रवाई की सराहना करते हुए कहा कि इसके बावजूद बाहरी लोग गांव-गांव और घरों में जाकर प्रार्थना सभाएं कर रहे हैं और भोले-भाले लोगों को लालच देकर धर्म परिवर्तन कराया जा रहा है।
ज्ञापन में मांग की गई कि जिले के सभी चर्चों और गिरजाघरों की व्यापक जांच कराई जाए, अवैध निर्माणों को ध्वस्त किया जाए, बिना अनुमति हो रही प्रार्थना सभाओं पर रोक लगाई जाए और धर्मांतरण कराने वालों पर कठोर कार्रवाई की जाए। साथ ही धर्म परिवर्तन कर चुके लोगों को उनकी पुरानी जाति विशेष के आधार पर मिलने वाली सरकारी सुविधाएं समाप्त करने और चर्चों से जुड़े पादरियों व उनके सहयोगियों की आय की जांच कराने की मांग भी रखी गई।
बजरंग दल ने चेतावनी दी कि यदि प्रशासन ने शीघ्र ठोस कदम नहीं उठाए तो हिंदू समाज अवैध गतिविधियों के खिलाफ आंदोलन को और तेज करेगा।



